नई दिल्ली। पीएम मोदी ने कोरोना आपदा से निपटने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज का ऐलान किया है, जो भारत की जीडीपी का 10 फीसदी है।पिछला और आज का पैैकेज का मिलाकर है यह राशि। पीएम ने कहा कि इस पैकेज के बारे में विस्तार से जानकारी बाद में दी जाएगी। उन्होंने कहा कि ये आर्थिक पैकेज देश के उस श्रमिक के लिए है, देश के उस किसान के लिए है जो हर स्थिति, हर मौसम में देशवासियों के लिए दिन रात परिश्रम कर रहा है। ये आर्थिक पैकेज हमारे देश के मध्यम वर्ग के लिए है, जो ईमानदारी से टैक्स देता है, देश के विकास में अपना योगदान देता है।
पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना से हमें बचना भी है और आगे बढ़ना भी है। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ा आपदा भारत के लिए संदेश और एक अवसर लेकर आई है। उन्होंने कहा कि मैं एक उदाहरण के साथ बताना चाहता हूं कि जब कोरोना संकट शुरू हुआ तो भारत में एक भी पीपीई किट नहीं बनती थी न ही एन95 मास्क का उत्पादन होता था। लेकिन आज स्थिति ये है कि भारत में ही हर रोज 2 लाख PPE और 2 लाख एन-95 मास्क बनाए जा रहे हैं। हम ऐसा इसलिए कर पा रहे हैं क्योंकि आपदा को हमने अवसर में बदल दिया है। भारत में कोविड 19 के चलते लगाए गए लॉकडाउन का तीसरा चरण अपने अंतिम पड़ाव पर है, मगर कोरोना वायरस का संक्रमण देश में अब भी फैलता ही जा रहा है। 17 मई को लॉकडाउन-3 की मियाद पूरी हो रही है, ऐसे में सबकी निगाहें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आज के संबोधन पर टिकी हैं।